नयी दिल्ली : भारतीय सेना के आधुनिकीकरण और युद्ध में घायल अथवा शहीद हुए सैनिकों के लिए एक विशेष बैंक खाते में धन दान देने की बात इन दिनों व्हाट्सएप पर एक भ्रामक संदेश प्रसारित हो रहा है, जिसमें कही गई है। इस संबंध में गलत तरीके से भेजे जा रहे संदेश में कैबिनेट के एक निर्णय का हवाला दिया गया है और अभिनेता अक्षय कुमार को इस प्रस्ताव के मुख्य परिवाहक के रूप में उद्धृत किया गया है।
उक्त संदेश में खाते का गलत विवरण दिया गया है, जिसके कारण ऑनलाइन दान अस्वीकृत हो रहा है। दान देने वाले लोगों को सतर्क रहना चाहिए और ऐसे धोखाधड़ी वाले संदेशों का शिकार नहीं बनना चाहिए। सरकार ने युद्ध अभियानों के दौरान शहीद या दिव्यांग होने वाले सैनिकों के लिए कई कल्याणकारी योजनाएं शुरू की हैं।
सरकार ने वर्ष 2020 में ‘सशस्त्र बल युद्ध हताहत कल्याण कोष (एएफबीसीडब्ल्यूएफ)’ की स्थापना की थी, जिसका उपयोग थल सैनिकों/नौसैनिकों /वायुसैनिकों के परिवारों को तत्काल वित्तीय सहायता प्रदान करने के लिए किया जाता है। इससे कोष से वे सैनिक और उनके परिवार लाभान्वित होते हैं, जो सक्रिय सैन्य अभियानों में अपने प्राण न्यौछावर कर देते हैं या फिर गंभीर रूप से घायल हो जाते हैं। भारतीय सेना, रक्षा मंत्रालय के भूतपूर्व सैनिक कल्याण विभाग की ओर से इस कोष का लेखा-जोखा रखती है। दान हेतु सशस्त्र सेना युद्ध हताहत कल्याण कोष के खाते में सीधे योगदान दिया जा सकता है। बैंक खातों का विवरण नीचे दिया गया है:
पहला खाता
कोष का नाम | सशस्त्र सेना युद्ध हताहत कल्याण कोष |
बैंक का नाम | केनरा बैंक, साउथ ब्लॉक, रक्षा मुख्यालय नई दिल्ली – 110011 |
आईएफएससी कोड | CNRB0019055 |
खाता संख्या | 90552010165915 |
खाते का प्रकार | बचत |
दूसरा खाता
कोष का नाम | सशस्त्र सेना युद्ध हताहत कल्याण कोष |
बैंक का नाम | भारतीय स्टेट बैंक, संसद मार्ग, नई दिल्ली – 110011 |
आईएफएससी कोड | SBIN0000691 |
खाता संख्या | 40650628094 |
खाते का प्रकार | बचत |
कोई भी दान एएफबीसीडब्ल्यूएफ के पक्ष में नई दिल्ली में देय डिमांड ड्राफ्ट के माध्यम से भी किया जा सकता है, जिसे डाक द्वारा निम्नलिखित पते पर भेजा जा सकता है:
लेखा अनुभाग
ऐजटन्ट जनरल ब्रांच
सेरमोनीअल एंड वेलफेयर डायरेक्टरेट
कमरा संख्या 281-बी, साउथ ब्लॉक
रक्षा मंत्रालय का एकीकृत मुख्यालय (सेना), नई दिल्ली – 110011
A WhatsApp message is going around claiming that government has opened a bank account for the modernization of the Indian Army.#PIBFactCheck
❌ This claim is MISLEADING
❌The bank account mentioned in the message is NOT meant for modernization of Indian Army or for purchase… pic.twitter.com/flm2vGe22G
— PIB Fact Check (@PIBFactCheck) April 27, 2025